Sit With Sai
श्री साईं सच्चरित्र · हेमाडपंत · 1929

सच्चरित्र के सम्पूर्ण 47 अध्याय

हेमाडपंत (गोविन्द रघुनाथ डाभोलकर) की मूल मराठी रचना का हिन्दी रूपान्तरण — न. वि. गुणाजी के अंग्रेज़ी अनुवाद (1944) पर आधारित। प्रत्येक अध्याय बाबा-वचनों के मूल अंग्रेज़ी पाठ सहित दिया गया है — कोई कथन जोड़ा अथवा परिवर्तित नहीं।

अध्याय-सूची

अध्याय 01

गेहूँ पीसने का प्रसंग

अध्याय 02

ग्रन्थ-रचना का प्रयोजन · हेमाडपंत

अध्याय 03

बाबा की अनुमति · रोहिल्ला

अध्याय 04

शिरडी में प्रथम आगमन

अध्याय 05

या साईं · पादुकाएँ · जौहर अली

अध्याय 06

रामनवमी का उत्सव

अध्याय 07

अग्नि में हाथ · प्लेग की गाँठें

अध्याय 08

बाबा का भिक्षाटन · बायजाबाई

अध्याय 09

बाबा के आदेश · तारखड परिवार

अध्याय 10

जीवन-यापन · नानावल्ली

अध्याय 11

सगुण-ब्रह्म · हाजी सिद्दीक

अध्याय 12

साईं-लीलाएँ · मूले शास्त्री

अध्याय 13

रोगों के निवारण · भीमाजी

अध्याय 14

रत्तनजी वाडिया · दक्षिणा-मीमांसा

अध्याय 15

नारदीय कीर्तन · दो छिपकलियाँ

अध्याय 16-17

ब्रह्म-ज्ञान · पाँच रुपये

अध्याय 18-19

दो पैसे · श्रद्धा और सबूरी

अध्याय 20

ईशावास्य · काका की दासी

अध्याय 21

नवविधा भक्ति · ठाकुर

अध्याय 22

सर्प और बिच्छू

अध्याय 23

योग और प्याज़ · बकरी की परीक्षा

अध्याय 24

विनोद · चना-लीला · सुदामा

अध्याय 25

दामू अन्ना · आम्र-लीला

अध्याय 26

भक्त पंत · पिटले · आम्बडेकर

अध्याय 27

विष्णु-सहस्र-नाम · राजाराम

अध्याय 28

खींची हुई चिड़ियाँ · मेघा

अध्याय 29

मद्रासी मेला · तेन्डुलकर · हाटे

अध्याय 30

वणी के काकाजी · खुशालचन्द

अध्याय 31

विजयानन्द · मांकर · व्याघ्र

अध्याय 32

गुरु-खोज · वंजारी · सरकार

अध्याय 33

उदी की महिमा · जामनेर-चमत्कार

अध्याय 34

उदी (आगे) · डॉ. पिल्लै

अध्याय 35

ठक्कर मास्टर · बालाजी नेवासकर

अध्याय 36

गोवा सज्जन · औरंगाबादकर

अध्याय 37

चावड़ी की शोभा-यात्रा

अध्याय 38

बाबा की हण्डी · काला

अध्याय 39-40

गीता 4.34 · बूटी वाडा

अध्याय 41

बी. वी. देव · ज्ञानेश्वरी

अध्याय 42

महासमाधि · 9 रुपये

अध्याय 43-44

अन्तिम वचन · 1886 की समाधि

अध्याय 45

काकासाहेब का सन्देह · आनन्दराव

अध्याय 46

शामा की गया-यात्रा · दो बकरियाँ

अध्याय 47

सर्प और मेंढक (पूर्व-जन्म)

अध्याय 48

सद्गुरु के लक्षण · सपटनेकर

अध्याय 49

हरि कानोबा · सौन्दर्य

अध्याय 50

काकासाहेब दीक्षित · टेम्ब्ये स्वामी

उपसंहार

उपसंहार · साईं की महिमा

पारायण-निर्देश

उपसंहार के अनुसार, सच्चरित्र को इन विशेष तिथियों पर पढ़ने की प्रथा है:

अथवा साप्ताहिक पारायण — सात दिनों में सम्पूर्ण ग्रन्थ का पठन, प्रेम और श्रद्धा से, स्नान के पश्चात।

सम्पादक: सिट विद् साईं सम्पादकीय · सम्पादकीय सिद्धान्त ·